18/05/2026
रिपोर्ट : वरुण वैध
केंदुआ : कुसुंडा क्षेत्र की एनजीकेसी कोलियरी के गोधर 6 नंबर बस्ती में सोमवार दोपहर करीब 3 बजे मौत ने दस्तक दी लेकिन गनीमत रही कि कोई जानमाल का नुकसान नहीं हुआ.सब स्टेशन के पीछे बंद पड़े हवा चानक के पास तेज धमाके के साथ करीब 25 फीट लंबी और 20 फीट चौड़ी जमीन धंस गई.जमीन फटने के साथ ही जहरीली गैस का गुबार निकलने लगा, जिससे पूरी बस्ती में अफरा-तफरी मच गई.शाम 6 बजे उसी स्थान पर दोबारा चार से पांच फीट जमीन और धंस गई, जिससे गोफ का दायरा बढ़ गया.फिलहाल बीसीसीएल प्रबंधन ने क्षेत्र को 'डेंजर जोन' घोषित कर घेराबंदी कर दी है.घटना के वक्त सुरेश विश्वकर्मा और उनकी पत्नी पार्वती देवी काम पर गए थे.घर में बेटी अंजू और बेटा सौरभ था.अंजू ने बताया कि जैसे ही जमीन फटने की आवाज आई, वे दोनों बाहर भागे.लेकिन सौरभ अपना मोबाइल अंदर ही भूल गया था.वह जैसे ही मोबाइल लेकर घर से बाहर निकला उसके कुछ ही मिनटों बाद मकान के पास की जमीन जमींदोज हो गई.सुरेश विश्वकर्मा, सोनू विश्वकर्मा और शिवा पासवान के गोदाम व कमरों में बड़ी-बड़ी दरारें आ गई हैं भू-धंसान स्थल से सटी बस्ती में करीब 300 परिवार रहते हैं.स्थानीय लोगों के अनुसार, इस क्षेत्र में पहले भी 3-4 बार ऐसी घटनाएं हो चुकी हैं.बार-बार गुहार के बावजूद सुरक्षित शिफ्टिंग की कोई ठोस पहल नहीं हुई.घटना की गंभीरता को देखते हुए केंदुआडीह थाना प्रभारी प्रमोद पांडेय दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे और मोर्चा संभाला.लोगों को प्रतिबंधित क्षेत्र से दूर रखने के लिए चारों तरफ लाल फीता बांधकर घेराबंदी की गई है.कुसुंडा एरिया के सेफ्टी ऑफिसर तुषारकांत ने भी घटनास्थल का मुआयना किया. सुरक्षा के मद्देनजर मौके पर सीआईएसएफ के जवानों को तैनात कर दिया गया है. पीओ एनजीकेसी अनिल कुमार सिंह ने कहा की गोफ होने और तीन घरों में दरार आने की सूचना मिली है.प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थान पर शिफ्ट करने की दिशा में आवश्यक कार्रवाई की जा रही है. फिलहाल इस घटना से आसपास के लोगों में दहशत का माहौल है.