04/11/2026
रिपोर्ट : वरुण वैध
केंदुआ : डीएवी पब्लिक स्कूल कुसुंडा में ‘सुरक्षित बचपन अभियान’ के अंतर्गत विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन बुधवार को किया गया। कार्यक्रम का मुख्य विषय था जागरूकता,सुरक्षा और संरक्षण हर बच्चे का अधिकार’। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को उनके अधिकारों,सुरक्षा, संरक्षण तथा कानूनी प्रावधानों के प्रति जागरूक करना था।कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में जिला विधिक सेवा प्राधिकार (DLSA), धनबाद के सीनियर सिविल जज सह सचिव मयंक तुषार टोप्पो तथा नीरज गोयल,असिस्टेंट एलएडीसीएस उपस्थित थे।विद्यालय के प्राचार्य आजीत कुमार दूबे ने मुख्य अतिथि व विशिष्ट अतिथि का पुष्पगुच्छ के साथ स्वागत किया।मयंक तुषार टोप्पो ने अपने संबोधन में बच्चों को उनके मौलिक एवं कानूनी अधिकारों की जानकारी देते हुए कहा कि प्रत्येक बच्चे को सुरक्षित वातावरण, सम्मान, शिक्षा और संरक्षण प्राप्त करने का अधिकार है। उन्होंने पॉक्सो अधिनियम (POCSO Act), 2012 के विभिन्न प्रावधानों पर प्रकाश डालते हुए बच्चों को किसी भी प्रकार के शोषण, दुर्व्यवहार अथवा उत्पीड़न के प्रति सजग रहने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि किसी भी अनुचित व्यवहार को छिपाने के बजाय इसकी जानकारीअभिभावकों,शिक्षकों अथवा संबंधित अधिकारियों को देनी चाहिए।
श्री नीरज गोयल ने बच्चों को बाल अधिकारों, बाल विवाह, बाल श्रम, साइबर अपराध तथा सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अनजान व्यक्तियों से ऑनलाइन संपर्क, निजी जानकारी साझा करना तथा साइबर धोखाधड़ी जैसी गतिविधियों से बचना आवश्यक है। उन्होंने बच्चों को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने और आवश्यकता पड़ने पर कानूनी सहायता लेने के लिए प्रेरित किया।कार्यक्रम के दौरान यह संदेश दिया गया कि बच्चों की सुरक्षा केवल परिवार या विद्यालय की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि पूरे समाज का सामूहिक दायित्व है। जागरूकता, सतर्कता और सही समय पर उचित कदम उठाकर ही बच्चों के लिए सुरक्षित एवं संरक्षित वातावरण सुनिश्चित किया जा सकता है।विद्यालय के प्राचार्य अजीत कुमार दूबे ने अतिथियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम विद्यार्थियों को न केवल अपने अधिकारों के प्रति सजग बनाते हैं, बल्कि उन्हें जिम्मेदार एवं सुरक्षित नागरिक बनने की प्रेरणा भी देते हैं।